समाना, 26 जून 2026 | पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने गुरुवार को समाना में 10.35 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले अंतरराष्ट्रीय स्तर के खेल स्टेडियम की आधारशिला रखी। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खेल संस्कृति को मजबूत बनाकर युवाओं को नशे की बुराई से दूर रखने के लिए व्यापक स्तर पर काम कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब सरकार पूरे राज्य में 3,100 आधुनिक खेल मैदान विकसित कर रही है, जो युवाओं को खेलों की ओर आकर्षित करने के साथ-साथ नशे के खिलाफ सबसे प्रभावी हथियार साबित होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि समाना में बनने वाला यह स्टेडियम नौ एकड़ पंचायत भूमि पर तैयार किया जाएगा। इसमें अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आठ लेन वाला 400 मीटर सिंथेटिक एथलेटिक्स ट्रैक बनाया जाएगा, जहां 100 मीटर, 200 मीटर और 400 मीटर दौड़ जैसी विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित की जा सकेंगी।
उन्होंने बताया कि ट्रैक के भीतर शॉट पुट, हैमर थ्रो, डिस्कस थ्रो, लॉन्ग जंप, हाई जंप और अन्य फील्ड स्पर्धाओं के लिए भी विश्वस्तरीय सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इससे समाना और आसपास के क्षेत्रों के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर की ट्रेनिंग अपने ही क्षेत्र में उपलब्ध हो सकेगी।
खेलों में व्यस्त युवा नशे से दूर रहते हैं
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि खेल युवाओं को सकारात्मक दिशा देने का सबसे प्रभावी माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि जो युवा नियमित रूप से खेलों में भाग लेते हैं, उनके पास नशे की ओर देखने का भी समय नहीं होता क्योंकि वे अपनी पूरी ऊर्जा खेलों में बेहतर प्रदर्शन और पहचान बनाने में लगाते हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य केवल खेल सुविधाएं उपलब्ध कराना नहीं बल्कि युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना भी है। इससे समाज में सकारात्मक बदलाव आएगा और पंजाब को नशामुक्त बनाने के अभियान को मजबूती मिलेगी।
पूरे पंजाब में बनेंगे 3,100 आधुनिक खेल मैदान
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार 1,250 करोड़ रुपये की लागत से पूरे पंजाब में 3,100 ग्रामीण खेल मैदान विकसित कर रही है। इन मैदानों में खिलाड़ियों के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
इन खेल परिसरों में चारदीवारी, पौधारोपण, फ्लडलाइटों से युक्त छह फुट चौड़ा वॉकिंग ट्रैक, वॉलीबॉल, फुटबॉल और हॉकी मैदान, स्थानीय खेलों के लिए अतिरिक्त कोर्ट, छह लेन का 400 मीटर रनिंग ट्रैक, एलईडी लाइटिंग, स्प्रिंकलर सिस्टम, कंक्रीट बेंच, बच्चों के लिए प्ले एरिया, व्हीलचेयर रैंप तथा खेल सामग्री के लिए स्टोरेज जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खिलाड़ियों को खेल किट उपलब्ध कराने के साथ-साथ प्रशिक्षित कोचों के माध्यम से गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि वर्ष 2026-27 के लिए राज्य के खेल बजट को बढ़ाकर 1,791 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
नई खेल नीति से खिलाड़ियों को आर्थिक सहायता
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 में लागू नई खेल नीति के तहत खिलाड़ियों को प्रतियोगिताओं की तैयारी के लिए पहली बार आर्थिक सहायता दी जा रही है। इसके तहत ओलंपिक की तैयारी के लिए 15 लाख रुपये और एशियाई खेलों के लिए 8 लाख रुपये की सहायता प्रदान की जाती है।
उन्होंने बताया कि पेरिस ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाले हॉकी खिलाड़ियों तथा एशियाई खेलों के स्वर्ण पदक विजेताओं को एक-एक करोड़ रुपये देकर सम्मानित किया गया है। इसके अलावा नौ ओलंपिक पदक विजेताओं को पीसीएस और डीएसपी पदों पर नियुक्ति भी दी गई है।
खेड़ां वतन पंजाब दीआं’ से बढ़ी खेलों में भागीदारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘खेड़ां वतन पंजाब दीआं’ प्रतियोगिता राज्य में खेल संस्कृति को मजबूत करने में सफल रही है। पिछले तीन वर्षों में इस आयोजन पर 97.3 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं और वर्ष 2024-25 में करीब पांच लाख खिलाड़ियों ने इसमें भाग लिया।
उन्होंने कहा कि किला रायपुर की ग्रामीण खेलों को विश्वभर में ‘मिनी ओलंपिक’ के रूप में पहचान मिली है। राज्य सरकार ने पारंपरिक ग्रामीण खेलों को भी बढ़ावा दिया है, जिसके चलते बैलगाड़ी दौड़ जैसी प्रतियोगितियां दोबारा शुरू हो सकी हैं।
पहली बार पंजाब करेगा एशियन चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने इसे पंजाब के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए कहा कि पहली बार राज्य अक्टूबर में एशियन चैंपियंस ट्रॉफी हॉकी की मेजबानी करेगा। यह एशिया का प्रतिष्ठित हॉकी टूर्नामेंट है, जिसके मुकाबले मोहाली के बलबीर सिंह सीनियर हॉकी स्टेडियम और जालंधर के सुरजीत हॉकी स्टेडियम में खेले जाएंगे।
उन्होंने कहा कि हॉकी में पंजाब की मजबूत विरासत रही है और अब पहली बार राज्य को इस स्तर के अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट की मेजबानी का अवसर मिल रहा है, जिससे पंजाब के खिलाड़ियों और खेल संस्कृति को वैश्विक पहचान मिलेगी।
समाना में बनने वाले स्टेडियम की लागत कितनी है?
10.35 करोड़ रुपये।
स्टेडियम में कौन-कौन सी सुविधाएं होंगी?
400 मीटर सिंथेटिक ट्रैक, फील्ड इवेंट्स की विश्वस्तरीय सुविधाएं और आधुनिक खेल इंफ्रास्ट्रक्चर।
पंजाब में कितने खेल मैदान बनाए जा रहे हैं?
राज्य सरकार 3,100 आधुनिक खेल मैदान विकसित कर रही है।
मुख्यमंत्री ने खेलों को नशे के खिलाफ क्यों महत्वपूर्ण बताया?
उनका कहना है कि खेलों में सक्रिय युवा अपनी ऊर्जा सकारात्मक दिशा में लगाते हैं और नशे से दूर रहते हैं।
पंजाब किस अंतरराष्ट्रीय हॉकी टूर्नामेंट की मेजबानी करेगा?
पंजाब पहली बार एशियन चैंपियंस ट्रॉफी हॉकी की मेजबानी करेगा।

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