- भारतीय टेलीविजन की रोमांस क्वीन के यादगार किरदारों पर एक नजर
जब भारतीय टेलीविजन पर अविस्मरणीय प्रेम कहानियों की बात होती है, तो एकता कपूर का नाम सबसे पहले लिया जाता है। टेलीविजन की “क्वीन” कही जाने वाली एकता कपूर ने ऐसे धारावाहिक बनाए, जो घर-घर की पहचान बन गए और ऐसे किरदार गढ़े जो आज भी दर्शकों के दिलों में बसे हुए हैं। भावनाओं से भरपूर कथानक, मजबूत रिश्ते और यादगार प्रेम कहानियों के जरिए उन्होंने कई ऐसे जोड़े दिए, जिनकी लोकप्रियता समय के साथ और भी बढ़ती गई। 7 जून को एकता कपूर का जन्मदिन आने वाला है, ऐसे में आइए उनके द्वारा रचे गए कुछ सबसे प्रतिष्ठित रोमांटिक जोड़ों पर नज़र डालते हैं।
- तुलसी और मिहिर (क्योंकि सास भी कभी बहू थी)
तुलसी और मिहिर विरानी के बिना भारतीय टेलीविजन के सबसे लोकप्रिय जोड़ों की सूची अधूरी है। स्मृति ईरानी और अमर उपाध्याय द्वारा निभाए गए ये किरदार भारतीय टेलीविजन के स्वर्णिम दौर की पहचान बन गए थे। परिवार की चुनौतियों, व्यक्तिगत दुखों और कई नाटकीय मोड़ों के बावजूद उनका रिश्ता कहानी का सबसे मजबूत आधार बना रहा। मिहिर की ऑन-स्क्रीन मृत्यु पर देशभर में जिस तरह की प्रतिक्रिया देखने को मिली, उसने इस जोड़ी को हमेशा के लिए अमर बना दिया।
- ओम और पार्वती (कहानी घर घर की)
किरण करमरकर और साक्षी तंवर द्वारा निभाए गए ओम और पार्वती अग्रवाल भारतीय टेलीविजन पर आदर्श दंपति की मिसाल बन गए। उनका रिश्ता आपसी सम्मान, भरोसे और पारिवारिक मूल्यों पर आधारित था। जीवन के हर उतार-चढ़ाव में एक-दूसरे का साथ निभाने वाले इस जोड़े ने दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाई।
- अनुराग और प्रेरणा (कसौटी ज़िंदगी की)
सीज़ेन खान और श्वेता तिवारी द्वारा निभाए गए अनुराग बसु और प्रेरणा शर्मा भारतीय टेलीविजन की सबसे चर्चित प्रेम कहानियों में से एक हैं। उनकी कहानी में बिछड़ना, मिलना, त्याग, दर्द और अनगिनत मोड़ थे, लेकिन उनका प्रेम हर मुश्किल से ऊपर रहा। यही वजह है कि आज भी यह जोड़ी दर्शकों की पसंदीदा बनी हुई है।
- राम और प्रिया (बड़े अच्छे लगते हैं)
राम कपूर और साक्षी तंवर ने राम कपूर और प्रिया शर्मा के रूप में टेलीविजन पर परिपक्व प्रेम की एक नई परिभाषा पेश की। उनकी कहानी पारंपरिक प्रेम कहानी से अलग थी, जो एक तयशुदा विवाह से शुरू होकर गहरे विश्वास, समझ और साथ में बदल गई। उनकी सादगी और यथार्थवादी प्रस्तुति ने दर्शकों का दिल जीत लिया।
- मानव और अर्चना (पवित्र रिश्ता)
सुशांत सिंह राजपूत और अंकिता लोखंडे द्वारा निभाए गए मानव और अर्चना का रिश्ता सच्चे प्रेम, त्याग और समर्पण का प्रतीक बन गया। मध्यमवर्गीय परिवार की भावनाओं और संघर्षों को दर्शाने वाली उनकी कहानी देशभर के दर्शकों को अपनी सी लगी। हर कठिन परिस्थिति में एक-दूसरे का साथ निभाने वाली यह जोड़ी आज भी याद की जाती है।
- सुजल और कशिश (कहीं तो होगा)
राजीव खंडेलवाल और आमना शरीफ द्वारा निभाए गए सुजल गरेवाल और कशिश सिन्हा ने 2000 के दशक की शुरुआत में रोमांस का नया मानदंड स्थापित किया। परिवार के दबाव, भावनात्मक संघर्ष और नाटकीय घटनाओं के बावजूद उनकी प्रेम कहानी दर्शकों को लगातार बांधे रखने में सफल रही। उनकी शानदार केमिस्ट्री आज भी लोगों को पुरानी यादों में ले जाती है।
- प्रथम और गौरी (कुटुंब)
हितेन तेजवानी और गौरी प्रधान ने प्रथम और गौरी के रूप में दर्शकों का दिल जीत लिया था। उनकी कहानी दो बिल्कुल अलग स्वभाव के लोगों के धीरे-धीरे एक-दूसरे के करीब आने की खूबसूरत यात्रा थी। पर्दे पर उनकी स्वाभाविक केमिस्ट्री ने उन्हें दर्शकों का चहेता बना दिया।
- अंगद और कृपा (कैसा ये प्यार है)
इकबाल खान और नेहा बंब द्वारा निभाए गए अंगद खन्ना और कृपा शर्मा अपनी जबरदस्त केमिस्ट्री और भावनात्मक प्रेम कहानी के लिए जाने जाते हैं। गलतफहमियों, संघर्षों और कई नाटकीय मोड़ों के बावजूद उनका रिश्ता दर्शकों को अंत तक बांधे रखता था। यह जोड़ी अपने समय के युवाओं के बीच बेहद लोकप्रिय रही।
- अर्जुन और आरोही (कितनी मोहब्बत है)
करण कुंद्रा और कृतिका कामरा द्वारा निभाए गए अर्जुन पुंज और आरोही शर्मा युवाओं की पसंदीदा जोड़ी बन गए थे। प्यार, जुनून, महत्वाकांक्षा और तकदीर के मेल से बनी उनकी कहानी ने लाखों दर्शकों को अपना दीवाना बना लिया। उनकी शानदार केमिस्ट्री आज भी खूब चर्चा में रहती है।
- काव्य और अंजलि (काव्यांजलि)
एजाज़ खान और अनीता हसनंदानी द्वारा निभाए गए काव्य नंदा और अंजलि की प्रेम कहानी दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय रही। प्यार, गलतफहमियों, त्याग और कई चौंकाने वाले मोड़ों से भरी उनकी कहानी ने दर्शकों को अंत तक जोड़े रखा। उनकी दमदार अदाकारी और भावनात्मक जुड़ाव ने इस जोड़ी को अविस्मरणीय बना दिया।
वर्षों से एकता कपूर ने दर्शकों को ऐसे किरदार और प्रेम कहानियां दी हैं, जिन्होंने भारतीय टेलीविजन की दिशा ही बदल दी। ये जोड़े सिर्फ मनोरंजन का हिस्सा नहीं बने, बल्कि एक सांस्कृतिक पहचान भी बन गए। जैसे-जैसे एकता कपूर का जन्मदिन नजदीक आ रहा है, ये सभी यादगार प्रेम कहानियां उनकी उस अद्भुत रचनात्मकता का प्रमाण हैं, जिसने पीढ़ियों तक दर्शकों के दिलों को छूने का काम किया है।
